Friday, 20 June 2025


 कभी कभी सुना हुआ सच सच नहीं होता है, सच जानने के लिए दिमाग को नहीं दिल को दिल से पूछना चाहिए कि भाई क्या हुआ था? सब पता चल जायेगा, पर आपको क्यों सुनना है सच? जब की आप वो सुन ही नही पाओगे यह फिर सुन के नजर अंदाज कर दोगे....

No comments:

Post a Comment

रूह तक सज़्दा-ए-ख़ामोशी में झुक जाती है

बड़े लोगों से ताल्लुक़ नहीं रखना चाहिए… क्योंकि उनकी बातें रौशनी नहीं,  अक्सर फ़रेब होती हैं। हम उन्हें ख़्वाब समझ लेते हैं,  और खुद को उन्ह...